राष्ट्रीय झण्डा अंगीकरण दिवस कविता | National Flag Adoption Day Poems

National Flag Adoption Day:- भारत देश को ब्रिटिश राज से आजाद कराना बहुत मुश्किल सफर था परंतु वर्तमान में हम सभी भारतवासी अंग्रेजों की गुलामी से आजाद है। भारत को आज़ाद होने के बाद एक राष्टीय ध्वज की जरूरत पढ़ी तो हमारे देश के स्वतंत्रता संग्राम सेनानी श्री पिंगली वेंकैया जी ने एक झंडे को बनाया जिसका नाम तिरंगा रखा गया। राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा जो 2:3 अनुपात में बना जिसमे कुल चार रंग थे, केशरिया, सफेद, हरा और नीले रंग में बनी अशोक चक्र। 

राष्ट्रीय झंडा अंगीकरण दिवस 22 जुलाई 2021 कविता हिंदी जानकारी

केसरिया रंग को बलिदान का प्रतिक माना जाता है, सफेद रंग को सांति का प्रतिक माना गया है, हरा या ग्रीन रंग को खुशहाली और प्रगति  का प्रकित माना जाता है। साथ ही बता दू की तिरंगे में बने अशोक चक्र को प्रगति और गतिशीलता का प्रतिक माना जाता है। आजादी के कुछ दिन पहले ही 22 जुलाई 1947 को संविधान सभा ने तिरंगा को राष्ट्रीय ध्वज के रूप अंगीकृत कर लिया।

22 जुलाई राष्ट्रीय झंडा अंगीकरण दिवस पर कविता - National Flag Adoption Day Poems In Hindi



इसलिए हर साल 22 जुलाई को राष्ट्रीय झंडा अंगीकरण दिवस के रूप में मनाया जाने लगा और आजादी हासिल होने के बाद लाल किले पर पहली बार 15 अगस्त को नहीं, बल्कि 16 अगस्त 1947 को सुबह साढ़े आठ बजे लाल किले पे राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा फहराया गया था।

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राष्टीय झंडा को हर साल सुबह 8 बजे ध्वजा रोहण करने के बाद सूर्यास्त से पहले पूरे सम्मान के साथ उतार लिया जाता है। में बता दू की आम आदमी को तिरंगा फहराने का अधिकार नहीं था इसलिए सुप्रीम कोर्ट के आदेश से 26 जनवरी 2002 से भारत के सभी नागरिकों को ध्वजा रोहण का अधिकार दिया गया।

उम्मीद करुंगा कि आप को 22 जुलाई दिवस के बारे में पूरी जानकारी मिल गया इसलिए आपसे निवेदन करूंगा कि ए आर्टिकल आप अपने मित्रों के साथ भी शेयर करें धन्यवाद जय हिंद।