हम सभी जानते है कि "प्रदूषण" एक बहोत बड़ी समस्या है हमारे देश भारत के लिए जिसके जिम्मेदार हम ही लोग है आज हमी लोगो को प्रदूषण से लड़ना है चाहे वो जल प्रदूषण हो , वायु प्रदूषण हो, ध्वनि प्रदूषण हो या फिर कोई और प्रदूषण। आज की हिंदी कविता वायु प्रदूषण पर होनी वाली है।

आपने महसूस किया होगा कि जिस वातावरण में धूल के कणों एवं धुँए की मात्रा अधिक होती है। वहाँ का वातावरण काफि प्रदूषित हो जाता हैं। साँस लेने में कठिनाई होने लगती है । ऐसा क्यों होता है क्योंकि ऐसे वातावरण में वायु के संघटको के प्रतिशत में परिवर्तन हो जाता हैं। वायुमंडल में उपस्थित प्रदूषण की मात्रा में वृद्धि से वायु में उपस्थित विभिन्न गैसो की प्रतिशतता मे परिवर्तन होना ही वायु प्रदूषण कहलता है। 

वायु प्रदूषण पर कविता। Poem On Air Pollution In Hindi

 यह मानव स्वास्थ्य ,जीव -जंतुओं एवं पेड़ पौधों के लिए हानिकारक होता है । वायु प्रदुषण मुखयतः शहरीकरण औधोगिकीकरण तथा वाहनों की संख्या में वृद्धि होने के कारण से होता है। वायु प्रदूषण के मिख्य कारण निन्म है कार्बन मोनो, ऑक्साइड,क्लोरो फ्लोरो कार्बन,ओजोन, सल्फर डाई ऑक्साइड, नाइट्रोजन के ऑक्साइड।

वायु प्रदूषण पर कविता। Poem On Air Pollution In Hindi

इतना प्रदूषण फैला है के 
अब तो दम घुटता है,
नाक पर मास्क भी पहनो 
तो आँख से घुसता है,
कान बंद भी कर लो तो
फिर सिर दुखता है,

सुविधा और प्रगति के नाम
पे हर कोई फैलाने में रत है,
रोकथाम की बात भी करे कोई
तो आजकल कौन सुनता है,  
क्षमतानुसार ऐश ओ आराम के
नित नए विकल्प चुनता है,

इसके चलते जल,थल,नभ सब
खुद प्रदूषित कर के बैठा है,
और इसका इल्ज़ाम औरों पे 
आयद करता रहता है,

फिर चाहे पब्लिक हो, निकाय
हों,राज्य हों,केंद्र सरकारें या
छोटे बड़े दुनिया भर के तमाम 
मुमालिक,न वे इस समस्या और
इसके समाधान अथवा रोकथाम
के उपायों पर एकमत और न ही
कोई अपनी जिम्मेदारी समझता है,

अगर यही हाल कुछ वक्त और रहा
जो दिखता भी है तो न इस ग्रह पर
पेयजल बचेगा,न जीवनदायिनी
ऑक्सीजन, नतीज़तन न कोई जीवन
न ही वे आने वाली पीढ़ियाँ जिनके
लिए वर्तमान सर्वांगीण विकास,
विकास की रट लगाए रहता है
-श्रीचन्द्र

मुझे उम्मीद हैं कि आप ने हमारे दुनिया की सबसे बड़ी समस्या प्रदूषण को समझा होगा और आप इसे कम करने में हमारी मदत करेंगे साथ ही मै आप को धन्यवाद देना चाहूंगा कि आप ये कविता वाली लेख पूरा पड़ा हम आप के आभारी रहेंगे।